एअरबैग अब पिछली सीट के लिये भी

0
16

airbagफ्रंट सीट पैसेंजर के लिये एअरबैग, साइड कर्टेन, नी एअरबैग आदि बहुत आम हो चुके हैं लेकिन टीआरडब्ल्यू नाम की कम्पोनेंट सप्लायर कम्पनी ने पिछली सीट की सवारियों के लिये खास तरह के एअरबैग सिस्टम डिजायन किये है। इनमें से एक अगली सीट की बैक पर लगता है और दूसरा गाड़ी की छत पर माउंट किया जाता है। ये दोनों एअरबैग सामने से भिडंत के हालात में पिछली सीट की सवारियों को सुरक्षित करते हैं।
टीआरडब्ल्यू के ऑक्यूपेंट सेफ्टी सिस्टम्स के निदेशक स्टीव पीटरसन के अनुसार इन एअरबैग को सबसे पहले यूरोप में पेश किया जा सकता है। यूरोप के देशों ने 2016 से 6 वर्ष के बच्चे के बराबर साइज की डमी की पिछली सीट पर क्रेश टेस्टिंग जरूरी हो जायेगी।
हादसे में पिछली सीट पर बैठी सवारियों को चोट के मामलों में से करीब आधे ऐसे होते हैं जिनमें झटका लगने से उनका सिर अगली सीट से टकराता है या फिर सीट बेल्ट के कारण सीने में चोट लगती है। पीटरसन के अनुसार एअरबैग, सीट बेल्ट प्रीटेंशनर और सीट बेल्ट लोड लिमिटर के पैकेज से इन चोटों को कम किया जा सकता है।
पिछले साल टीआरडब्ल्यू ने सिट्रोइन के सी4 कैक्टस मॉडल के लिये रूफ माउंटेड फ्रंट सीट एअरबैग सिस्टम डिजायन किया था। पीटरसन का मानना है कि इसे थोड़ा बहुत बदलाव कर पिछली सीट पर लगाया जा सकता है। लेकिन छोटी गाडिय़ों के लिये सीट माउंटेड एअरबैग ज्यादा अच्छा है। उल्टे यू के आकार के इस एअरबैग को कम्पनी ने स्कारैब नाम दिया है और इसकी टेक्नोलॉजी नी एअरबैग या साइड कर्टेन जैसी ही है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here